पटना। अररिया जिले के फारबिसगंज प्रखंड के वार्ड संख्या-10 स्थित प्राथमिक विद्यालय, खजूरबाड़ी में बच्चों से बेंच ढुलवाने के मामले में शिक्षा विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। विशिष्ट शिक्षिका अफसाना परवीन और प्रधान शिक्षिका नीलिमा पाठक को शनिवार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया। दोनों शिक्षिकाओं के खिलाफ अलग-अलग आरोप पत्र जारी किए जाएंगे तथा विभागीय अनुशासनिक कार्रवाई भी शुरू कर दी गई है।
यह कार्रवाई उस घटना के बाद की गई, जिसमें आरोप है कि विद्यालय परिसर में जलजमाव के बीच विशिष्ट शिक्षिका अफसाना परवीन ने बच्चों से बेंच उठवाकर खुद उसी पर बैठकर विद्यालय में प्रवेश किया। घटना का वीडियो सामने आने के बाद मामला चर्चा में आया और शिक्षा विभाग ने इसे गंभीरता से लिया।
शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी के निर्देश पर जिला शिक्षा पदाधिकारी कार्यालय ने 16 जुलाई को दोनों शिक्षिकाओं से स्पष्टीकरण मांगा था। 17 जुलाई को प्राप्त जवाब की जांच की गई, लेकिन विभाग ने उसे असंतोषजनक माना।
प्राथमिक जांच में दोनों शिक्षिकाओं का आचरण लापरवाही, स्वेच्छाचारिता, विभागीय निर्देशों की अवहेलना और सरकारी सेवक के आचरण नियमों के विपरीत पाया गया। विभाग ने यह भी माना कि यह बच्चों के अधिकारों तथा शिक्षा का अधिकार अधिनियम, 2011 की भावना के खिलाफ है।
इसी आधार पर बिहार सरकारी सेवक (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियमावली, 2005 के तहत दोनों शिक्षिकाओं को तत्काल प्रभाव से निलंबित करते हुए उनके विरुद्ध विभागीय अनुशासनिक कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
निलंबन अवधि के दौरान दोनों शिक्षिकाओं का मुख्यालय प्रखंड संसाधन केंद्र, फारबिसगंज निर्धारित किया गया है। इस अवधि में उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता दिया जाएगा।
