चिराग पासवान ने सपरिवार तख्त श्री हजूर साहिब में माथा टेककर गुरु ग्रंथ साहिब का आशीर्वाद प्राप्त किया। इस दौरान उन्होंने लंगर का महाप्रसाद ग्रहण किया और सेवा में भी भाग लिया। इस अवसर पर चिराग पासवान ने कहा कि दशमेश पिता श्री गुरु गोविंद सिंह के चरणों से पवित्र हुई इस दिव्य धरती पर पहुंचकर उन्हें असीम शांति और आध्यात्मिक ऊर्जा की अनुभूति हुई। उन्होंने कहा कि यह स्थान आस्था, समर्पण और सेवा का अद्भुत प्रतीक है।

चिराग पासवान ने गुरु महाराज से देश की सुख-समृद्धि, शांति और लोक-कल्याण के लिए प्रार्थना की। उन्होंने कहा कि समाज में प्रेम, भाईचारा और सेवा की भावना को आगे बढ़ाना ही गुरु परंपरा का सच्चा संदेश है।
इस दौरान उनके परिवार के सदस्य भी मौजूद रहे और सभी ने मिलकर पवित्र दरबार में मत्था टेककर आशीर्वाद लिया। यह आध्यात्मिक यात्रा उनके लिए बेहद खास और प्रेरणादायी रही।
