जनता दल (यूनाइटेड) की प्रदेश प्रवक्ता डॉ. अनुप्रिया यादव ने कहा है कि बिहार सरकार द्वारा सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना के तहत डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से 97 लाख 84 हजार लाभार्थियों के बैंक खातों में 1100 रुपये की पेंशन राशि भेजी गई है। उन्होंने कहा कि कुल 1423.94 करोड़ रुपये का यह हस्तांतरण राज्य के वृद्धजन, दिव्यांगजन, विधवा महिलाओं और अन्य जरूरतमंद नागरिकों के लिए केवल आर्थिक सहायता नहीं, बल्कि सम्मान, आत्मनिर्भरता और सामाजिक सुरक्षा का मजबूत आधार है।
डॉ. अनुप्रिया यादव ने कहा कि सामाजिक सुरक्षा पेंशन की राशि को 400 रुपये से बढ़ाकर 1100 रुपये करने का निर्णय मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में लिया गया था। उनके अनुसार इस फैसले से राज्य के लाखों गरीब और जरूरतमंद परिवारों को सीधा लाभ मिल रहा है। उन्होंने इसे मुख्यमंत्री की जनकल्याणकारी सोच और सामाजिक न्याय के प्रति प्रतिबद्धता का उदाहरण बताया।
उन्होंने कहा कि बिहार सरकार ने केवल योजना की घोषणा नहीं की, बल्कि उसका प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करते हुए लाभार्थियों के खातों में समय पर डीबीटी के माध्यम से राशि पहुंचाई है। इससे यह स्पष्ट होता है कि सरकार की प्राथमिकता योजनाओं को धरातल पर उतारना और पात्र लोगों तक उनका लाभ पहुंचाना है।

विपक्ष पर निशाना साधते हुए जदयू प्रवक्ता ने झारखंड सरकार का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि झारखंड में विधानसभा चुनाव के दौरान जेएमएम और उसकी सहयोगी आरजेडी ने सामाजिक सुरक्षा पेंशन को लेकर बड़े वादे किए थे, लेकिन सरकार बनने के बाद उन वादों का अपेक्षित स्तर पर पालन नहीं किया गया। उनके अनुसार चुनावी घोषणाओं और वास्तविक क्रियान्वयन के बीच का अंतर विपक्ष की कार्यशैली को दर्शाता है।
डॉ. अनुप्रिया यादव ने कहा कि बिहार में सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना का विस्तार और डीबीटी के माध्यम से नियमित भुगतान इस बात का प्रमाण है कि राज्य सरकार जनकल्याणकारी योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए प्रतिबद्ध है।
