नई दिल्ली। दिल्ली के साकेत कोर्ट के चैंबर ब्लॉक में महिला वकीलों के साथ कथित तौर पर बदसलूकी और हाथापाई का मामला सामने आया है। ऑल इंडिया लॉयर्स यूनियन (AILU) ने आरोप लगाया है कि 15 सितंबर की रात तीन पुरुष वकील कथित तौर पर शराब के नशे में दो महिला वकीलों के चैंबर में घुस गए और उनके साथ अभद्र व्यवहार किया। घटना के संबंध में साकेत कोर्ट बार एसोसिएशन और पुलिस से शिकायत की गई है।
AILU की ओर से जारी बयान के मुताबिक, घटना 15 सितंबर की रात करीब 9:30 बजे की है। चैंबर ब्लॉक में दो महिला वकील और एक पुरुष वकील अपने दो मुवक्किलों के साथ केस की ड्राफ्टिंग के सिलसिले में बैठे थे। इनमें से एक महिला वकील AILU की दिल्ली राज्य इकाई की कोषाध्यक्ष हैं।
रात करीब साढ़े नौ बजे चैंबर में घुसने का आरोप
संगठन के मुताबिक, रात करीब साढ़े नौ बजे वकीलों की यूनिफॉर्म पहने तीन पुरुष वकील कथित तौर पर उनके चैंबर में पहुंचे। AILU का आरोप है कि उस समय तीनों शराब के नशे में थे।
बयान के अनुसार, तीनों ने महिला वकीलों से पूछा कि वे इतनी देर रात तक चैंबर में क्या कर रही हैं और उन्हें चैंबर से चले जाने के लिए कहा।
महिला वकीलों ने कथित तौर पर इसका विरोध करते हुए पूछा कि उन्हें चैंबर से जाने के लिए कहने वाले वे कौन होते हैं। इसके बाद स्थिति और बिगड़ गई।

केस फाइल और दस्तावेज देखने का भी आरोप
AILU के अनुसार, विवाद बढ़ने के बाद तीनों पुरुष वकीलों ने चैंबर में रखी केस फाइलों और दस्तावेजों को देखना शुरू कर दिया।
महिला वकील का आरोप है कि इस दौरान पुरुष वकीलों ने उनके खिलाफ अपमानजनक टिप्पणियां कीं। संगठन के बयान में यह भी आरोप लगाया गया है कि इस दौरान महिला वकील के साथ मौजूद एक पुरुष वकील के साथ हाथापाई की गई।
इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी उपलब्ध सामग्री से नहीं हुई है।
बार एसोसिएशन और पुलिस से शिकायत
घटना के बाद महिला वकील और ऑल इंडिया लॉयर्स यूनियन की ओर से साकेत कोर्ट बार एसोसिएशन को शिकायत दी गई है। महिला वकील ने मामले की शिकायत साकेत थाने में भी दर्ज कराई है।
AILU ने मांग की है कि साकेत कोर्ट मामले की तत्काल और निष्पक्ष जांच की जाए तथा घटना के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाए।
महिला वकीलों की सुरक्षा का मुद्दा उठाया

ऑल इंडिया लॉयर्स यूनियन ने कहा है कि साकेत कोर्ट परिसर में काम करने वाले वकीलों और मुवक्किलों के लिए सुरक्षित वातावरण जरूरी है। संगठन ने खास तौर पर देर रात तक चैंबर में काम करने वाली महिला वकीलों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।
संगठन ने साकेत बार एसोसिएशन और संबंधित अधिकारियों से साकेत कोर्ट परिसर तथा चैंबरों में उत्पीड़न, डराने-धमकाने और हिंसा की घटनाओं को रोकने के लिए प्रभावी व्यवस्था करने की भी मांग की है।
साकेत कोर्ट में चैंबरों से जुड़े सुरक्षा और शराब सेवन के मुद्दे पहले भी सामने आ चुके हैं। 2018 में भी साकेत कोर्ट के चैंबरों में शराब पीने की शिकायतों के बाद बार एसोसिएशन की ओर से निरीक्षण और सुरक्षा उपायों की बात सामने आई थी।
अभी क्या स्थिति है?
फिलहाल उपलब्ध जानकारी के मुताबिक मामला शिकायत और आरोपों के स्तर पर है। इसलिए संबंधित वकीलों के खिलाफ आरोपों को जांच पूरी होने से पहले स्थापित तथ्य के रूप में नहीं लिखा जाना चाहिए। पुलिस और बार एसोसिएशन की कार्रवाई के बाद मामले में आगे की स्थिति स्पष्ट होगी।
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