प्रशासन से मिली कांग्रेस की जांच कमेटी, POCSO के तहत त्वरित कार्रवाई और स्पीडी ट्रायल की मांग
पटना/जमुई, 23 सितंबर 2026। जमुई में नाबालिग छात्रा के साथ कथित बदसलूकी और मारपीट की घटना को लेकर बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी की उच्चस्तरीय जांच कमेटी बुधवार को जमुई पहुंची। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम के निर्देश पर गठित कमेटी ने घटना की वास्तविक स्थिति और पीड़ित परिवार की समस्याओं की जानकारी ली। प्रतिनिधिमंडल ने जमुई प्रशासन और संबंधित अधिकारियों से मुलाकात कर मामले में त्वरित एवं सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की।
कांग्रेस की जांच कमेटी ने प्रशासन से कहा कि घटना में शामिल सभी आरोपियों के खिलाफ कानून के तहत कठोर कार्रवाई की जाए। प्रतिनिधिमंडल ने विशेष रूप से POCSO एक्ट के प्रावधानों के तहत प्रभावी कार्रवाई, जल्द चार्जशीट दाखिल करने और मामले का स्पीडी ट्रायल सुनिश्चित करने की मांग की।
कमेटी ने पीड़िता और उसके परिवार की सुरक्षा को लेकर भी प्रशासन से जरूरी कदम उठाने को कहा। प्रतिनिधिमंडल के मुताबिक परिवार को भयमुक्त माहौल उपलब्ध कराया जाना जरूरी है, ताकि वह बिना दबाव के न्यायिक प्रक्रिया में सहयोग कर सके।
संवेदनशील इलाकों में पुलिस गश्त बढ़ाने की मांग

कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने प्रशासन से भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए संवेदनशील और सुनसान इलाकों में पुलिस गश्त बढ़ाने की मांग की। इसके साथ ही आवश्यकता वाले स्थानों पर CCTV कैमरों से निगरानी बढ़ाने का सुझाव भी दिया गया।
बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी की ओर से कहा गया कि कानून-व्यवस्था के साथ-साथ ऐसे मामलों में पीड़ित परिवार का भरोसा बनाए रखना भी प्रशासन की जिम्मेदारी है।
क्या है जमुई का पूरा मामला?
जमुई में यह घटना 19 सितंबर की शाम सामने आई थी। पुलिस के अनुसार, एक नाबालिग छात्र और छात्रा को एक समूह ने रोका और उनके साथ कथित तौर पर मारपीट एवं बदसलूकी की। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आने के बाद मामला तेजी से चर्चा में आया और पुलिस ने कार्रवाई शुरू की। पुलिस ने मामले में POCSO एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज की और आरोपियों की पहचान शुरू की।

पुलिस ने मामले की जांच के लिए SIT का गठन किया था। शुरुआती कार्रवाई में तीन आरोपियों की गिरफ्तारी की गई। पुलिस ने वीडियो के आधार पर अन्य आरोपियों की पहचान की प्रक्रिया भी शुरू की थी।
इसके बाद 22 सितंबर को पुलिस ने मुख्य आरोपी बताए जा रहे नंदन यादव समेत दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस के मुताबिक कार्रवाई के दौरान हुई मुठभेड़ में नंदन यादव के पैर में गोली लगी, जबकि दूसरे आरोपी को भी पकड़ा गया। इसके साथ ही मामले में गिरफ्तार लोगों की संख्या बढ़कर पांच होने की जानकारी सामने आई।
पीड़िता की पहचान सार्वजनिक नहीं की जानी चाहिए
इस मामले में सोशल मीडिया पर घटना से जुड़े वीडियो के प्रसार को लेकर भी पुलिस ने चेतावनी दी है। रिपोर्टों के मुताबिक बिहार पुलिस ने नाबालिग पीड़िता की पहचान उजागर करने या उससे जुड़े वीडियो को प्रसारित करने वाले सोशल मीडिया अकाउंट्स के खिलाफ भी कार्रवाई शुरू की है। पुलिस ने लोगों से ऐसे वीडियो शेयर या रीपोस्ट नहीं करने की अपील की है।
बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी के ये नेता जांच टीम में शामिल
जमुई का दौरा करने वाली बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी की उच्चस्तरीय कमेटी में मिन्नत रहमानी, पंकज यादव, प्रो. (डॉ.) कुमारी अनिता, डॉ. गौरव सिंह, जितेंद्र नाथ पटेल, पूनम यादव, सूरज यादव, मेनका कुमारी और चंद्र भूषण राजपूत शामिल रहे।
कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने प्रशासन से मांग की कि मामले की जांच को समयबद्ध तरीके से आगे बढ़ाते हुए दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई पूरी की जाए और पीड़ित परिवार को सुरक्षा उपलब्ध कराई जाए।
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